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मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल ने गांधीनगर में नई "Census Gujarat" वेबसाइट का शुभारंभ किया, जो राज्य में 2027 की पहली डिजिटल जनगणना की आधारशिला मानी जा रही है. Photograph: (Screenshot: PTI)
Census 2027 to Go Fully Digital with Self Enumeration Feature : गुजरात के मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल ने सोमवार को नई ‘Census Gujarat’ वेबसाइट लॉन्च की. यह वेबसाइट गुजरात, दादरा नगर हवेली और दमन दीव के जनगणना निदेशालय द्वारा तैयार की गई है. इसमें लोगों के लिए आसान इंटरफेस, सिंपल मेन्यू और मल्टी-लैंग्वेज ऑप्शन जैसी सुविधाएं दी गई हैं, ताकि हर कोई आसानी से इसका इस्तेमाल कर सके. वेबसाइट लॉन्च के मौके पर राज्य के डिप्टी सीएम हर्ष सांघवी भी मौजूद रहे.
जनगणना से जनकल्याण है वेबसाइट की टैगलाइन
मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का सपना है कि योजनाओं की बेहतर प्लानिंग और लागू करने से संतुलित विकास हो सके, और नई जनगणना वेबसाइट उसी दिशा में एक बड़ा कदम है. उन्होंने बताया कि वेबसाइट का टैगलाइन जनगणना से जनकल्याण है.
VIDEO | Gujarat Chief Minister Bhupendra Patel launched the new Census Gujarat website in Gandhinagar, aligning with the Prime Minister’s vision of public welfare through effective census planning. Accessible at https://t.co/m2zgCTQBrP, the site features a modern interface, easy… pic.twitter.com/AuykChcN5r
— Press Trust of India (@PTI_News) November 10, 2025
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की “सटीक डेटा से जनकल्याण” की सोच को आगे बढ़ाते हुए गुजरात ने डिजिटल जनगणना की दिशा में बड़ा कदम उठाया है. गांधीनगर में मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल ने नई "Census Gujarat" वेबसाइट का शुभारंभ किया, जो राज्य में 2027 की पहली डिजिटल जनगणना की आधारशिला मानी जा रही है. नई वेबसाइट gujarat.census.gov.in पर उपलब्ध है और इसे पूरी तरह यूज़र-फ्रेंडली इंटरफेस, आसान नेविगेशन और मल्टी-लैंग्वेज सपोर्ट के साथ तैयार किया गया है, ताकि राज्य का हर नागरिक जनगणना से जुड़ी जानकारी आसानी से देख और समझ सके.
पहली बार डिजिटल तरीके से होगी जनगणना: CM भूपेंद्र पटेल
मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल ने यह भी कहा कि आने वाली राष्ट्रीय जनगणना पहली बार पूरी तरह डिजिटल तरीके से होगी. इसके लिए मोबाइल ऐप और ऑनलाइन सेल्फ-एन्यूमरेशन सिस्टम शुरू किया गया है, जिसमें लोग खुद अपने परिवार की जानकारी सुरक्षित तरीके से ऑनलाइन दर्ज कर सकेंगे. उन्होंने बताया कि जिन जिलों को पायलट प्रोजेक्ट के लिए चुना गया है, वे इस नई डिजिटल प्रक्रिया का सबसे पहले अनुभव करेंगे.
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