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Bank Online Car Auction : बैंकों की ऑनलाइन नीलामी से कम दाम में खरीदें अपनी पसंद की कार (Image : Pixabay)
Bank Seized Cars Auction : Step by Step Guide : अगर आप अपनी पसंद की कार खरीदना चाहते हैं लेकिन बजट कम है, तो बैंकों की ऑनलाइन नीलामी एक बढ़िया ऑप्शन हो सकती है. यहां आपको मार्केट प्राइस से काफी कम दाम में अपनी मनपसंद कार मिल सकती है. डिजिटल प्लेटफॉर्म की मदद से पूरी प्रॉसेस आसान, पारदर्शी और घर बैठे पूरी की जा सकती है. आइए समझते हैं कि आखिर बैंक की ई-ऑक्शन में बोली कैसे लगाई जाती है और ऐसा करते समय किन बातों का ध्यान रखना जरूरी है.
बैंकों के पास नीलामी के लिए कैसे आती हैं कारें?
बैंक से कार लोन लेकर गाड़ी खरीदने वाले ग्राहक कई बार अपनी कार का लोन समय पर नहीं चुका पाते. ऐसे में बैंक उस गाड़ी को जब्त कर लेता है. इनमें से कई गाड़ियां अच्छी स्थिति में होती हैं क्योंकि उनका इस्तेमाल ज्यादा नहीं हुआ होता. बैंक इन कारों को नीलामी के जरिए बेचता है ताकि उसका बकाया पैसा वसूल हो सके. इस नीलामी में आम लोग भी बिना किसी एजेंट के सीधे भाग ले सकते हैं और कम दाम में कार खरीद सकते हैं.
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ऑनलाइन नीलामी का फायदा
पहले ऐसी नीलामी में लोगों को मौके पर मौजूद होना पड़ता था और प्रॉसेस भी मुश्किल थी. लेकिन अब ऑनलाइन पोर्टल्स पर बोली लगाना काफी आसान काम हो गया है. आप देशभर की लिस्टिंग एक ही स्क्रीन पर देख सकते हैं और किसी भी लोकेशन से मनचाही गाड़ी चुन सकते हैं. एजेंट के कमीशन और किसी तरह की हेराफेरी का डर भी नहीं रहता क्योंकि हर कदम डॉक्यूमेंटेड रहता है, जिससे पारदर्शिता बनी रहती है.
सबसे पहले सही प्लेटफॉर्म चुनें
नीलामी में हिस्सा लेने के लिए आपको एक भरोसेमंद पोर्टल चुनना होता है. भारत में कई ऐसे प्लेटफॉर्म उपलब्ध हैं जहां अलग-अलग बैंकों की जब्त की गई गाड़ियां लिस्ट होती हैं. इनमें फोरक्लोजर इंडिया (Foreclosureindia), ई-ऑक्शन इंडिया (eAuction India), ऑटोबेस (Autobse) और बैंकईऑक्शन (Bankeauctions) जैसी वेबसाइट्स शामिल हैं. आप सही प्लेटफॉर्म चुनकर इस प्रॉसेस को आगे बढ़ा सकते हैं. आसान इंटरफेस और अच्छे सर्च फिल्टर वाला प्लेटफॉर्म बेहतर रहता है.
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गाड़ी के बारे में पूरी जानकारी जुटाएं
ऑक्शन में बोली लगाने से पहले कार का मॉडल, मैन्युफैक्चरिंग ईयर, रिजर्व प्राइस और गाड़ी की लोकेशन जैसी जानकारी अच्छी तरह समझ लें. उसी मॉडल की दूसरी कारों का मार्केट प्राइस भी चेक कर लें, ताकि यह समझ में आ जाए कि डील दरअसल फायदेमंद है या नहीं. सही ढंग से रिसर्च कर लेंगे, तो बोली लगाते समय सही फैसला ले पाएंगे.
कार का फिजिकल इंस्पेक्शन जरूर करें
किसी भी वेहिकल को खरीदने से पहले उसका फिजिकल इंस्पेक्शन बहुत जरूरी है. इंजन, बॉडी, टायर, इंटरियर, सर्विस रिकॉर्ड और डॉक्यूमेंट्स की जमीनी हालत देखकर ही बोली लगाएं. आमतौर पर बैंक जब्त गाड़ियों की टेस्ट ड्राइव करने की छूट नहीं देते, इसलिए इंस्पेक्शन काफी ध्यान से करें. अगर किसी जानकार को साथ ले जा सकें तो और भी बेहतर होगा.
रजिस्ट्रेशन और EMD का पेमेंट करें
नीलामी में शामिल होने के लिए KYC डॉक्यूमेंट्स जमा करके रजिस्ट्रेशन करें. इसके बाद अर्नेस्ट मनी डिपॉजिट (Earnest Money Deposit) यानी EMD जमा करना होता है. यह नीलामी में भाग लेने की सिक्योरिटी मनी है. अगर आप नीलामी नहीं जीत नहीं पाते, तो यह पैसा बिना किसी कटौती के वापस मिल जाता है.
बिडिंग के दौरान सावधानी से काम लें
नीलामी के समय लॉगिन करके बारीकी से बोली की निगरानी करते रहें. पहले से तय कर लें कि आप अधिकतम कितनी बोली लगा सकते हैं और उससे ऊपर बिल्कुल न जाएं. आखिरी समय तक अलर्ट रहें क्योंकि कई खरीदार अंत में बोली बढ़ा देते हैं.
नीलामी जीतने पर पेमेंट और ट्रांसफर प्रॉसेस पूरी करें
अगर आपकी बोली सबसे ज्यादा रहती है, तो आपको बैंक द्वारा निर्धारित समय सीमा के अंदर बाकी पेमेंट करना होगा. इसके बाद बैंक आपको जरूरी डॉक्यूमेंट्स जैसे सेल सर्टिफिकेट, NOC व अन्य दस्तावेज़ देंगे. इन्हें लेकर नजदीकी RTO में जाकर गाड़ी को अपने नाम ट्रांसफर करवा लें.
अगर आप समझदारी के साथ सारे स्टेप फॉलो करें, तो बैंक ऑक्शन आपके लिए मार्केट प्राइस से काफी कम दाम में में गाड़ी खरीदने का अच्छा मौका साबित हो सकता है.
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