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Gold Silver Price Today : सोना-चांदी की कीमतों में गिरावट, निवेशकों के लिए क्या हैं संकेत? (AI Generated Image)
Gold Rate Today, Sone Chandi Ka Bhav Aaj Ka : सोने-चांदी की कीमतों में शुक्रवार को भी गिरावट देखने को मिली. दिल्ली सर्राफा बाजार में सोना 600 रुपये गिरकर 1.26 लाख रुपये प्रति 10 ग्राम पर आ गया. वहीं चांदी भी 2,000 रुपये टूटकर 1.56 लाख रुपये प्रति किलोग्राम पर आ गई. निवेशकों के मन में अब सवाल है कि क्या यह सिर्फ एक करेक्शन है या आगे भी दाम नीचे आ सकते हैं?
ग्लोबल संकेत कमजोर
अंतरराष्ट्रीय बाजार में सोने की कीमतों में 0.38% और चांदी (Silver) में 2% से ज्यादा की गिरावट देखने को मिली. अमेरिका से आए मजबूत जॉब्स डेटा ने बाजार का रुख बदल दिया. ऑगमॉन्ट की हेड ऑफ रिसर्च रेनिशा चैनानी का कहना है कि बेहतर नौकरी के आंकड़ों ने संकेत दिया है कि यूएस फेडरल रिजर्व दिसंबर की बैठक में ब्याज दरों में कटौती नहीं करेगा. उनके अनुसार, “ब्याज दर कम न होने की संभावना के कारण सोने-चांदी जैसी कीमती धातुओं में तेजी रुक गई है और ट्रेडिंग म्यूटेड दिख रही है.”
दरअसल, अमेरिकी लेबर डिपार्टमेंट की रिपोर्ट में नॉन-फार्म पेरोल्स सितंबर में 1,19,000 बढ़े, जबकि बाजार में सिर्फ 50,000 की बढ़ोतरी का अनुमान था. यही वजह रही कि सोना सेफ-हेवन की भूमिका में कमजोर दिखा.
MCX में क्यों दिखा उल्टा ट्रेंड?
ग्लोबल मार्केट में गिरावट के बावजूद भारत में एमसीएक्स (MCX) पर सोना कुछ समय बाद नुकसान कम करते हुए ऊपर आ गया. रुपए की कमजोरी ने सोने को सपोर्ट दिया. डॉलर के मुकाबले रुपये में लगभग 1% की गिरावट देखने को मिली. इससे सोना महंगा बना रहा और दाम में रिकवरी आई.
एलकेपी सिक्योरिटीज के वीपी रिसर्च एनालिस्ट (कमोडिटी एंड करेंसी), जतिन त्रिवेदी का कहना है, “कॉमेक्स गोल्ड (Comex Gold) 1% गिरा, लेकिन रुपये की कमजोरी ने घरेलू दामों को नीचे नहीं आने दिया. अमेरिकी जॉब्स डेटा के चलते दिसंबर में ब्याज दरों में कटौती की उम्मीद कम हो गई है, इसलिए गोल्ड में वोलैटिलिटी बनी रहेगी.” वह आगे कहते हैं कि सोना 1,20,000 रुपये से 1,24,000 रुपये प्रति 10 ग्राम के दायरे में उतार-चढ़ाव करता रह सकता है.
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आगे क्या हो सकता है?
बाजार विशेषज्ञों के अनुसार, सोना-चांदी की कीमतें फिलहाल ग्लोबल संकेतों पर ज्यादा निर्भर हैं. अगर ब्याज दरों में कटौती में देरी होती है, तो सोना निकट भविष्य में बड़े उछाल की उम्मीद देना मुश्किल हो सकता है. हालांकि, रुपये में कमजोरी जारी रहती है तो घरेलू बाजार में कीमतें नीचे टिके रहने की संभावना कम है.
सोने में निवेशकों के लिए यह समय सतर्क रहकर निर्णय लेने का है क्योंकि दामों में ऊपर-नीचे की चाल अभी जारी रहने वाली है.
(डिस्क्लेमर : इस आर्टिकल का उद्देश्य सिर्फ जानकारी देना है, निवेश की सलाह देना नहीं. निवेश का कोई भी फैसला पूरी जानकारी हासिल करने और अपने इनवेस्टमेंट एडवाइजर की सलाह लेने के बाद ही करें.)
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